Skip to content

फिरोजाबाद: बालाजी मंदिर शिकोहाबाद से पर्वतारोही अनिल गुजरात द्वारका के लिए हुए रवाना

फिरोजाबाद। जनपद के फरीदा निवासी अंतराष्ट्रीय पर्वतारोही एवं भारतीय यात्री अनिल कुमार उत्तर प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व राज्यपाल आनंदीबैन पटेल द्वारा जनवरी में राज्यस्तरीय विवेकानंद राज्य युवा पुरुस्कार प्राप्त है। पर्वतारोही जो अगला अभियान करने जा रहे है। उसका नाम कृष्णाय धावतु तय किया गया है। यह यात्रा योगीराज भगवान श्रीकृष्ण व प्रभू श्रीराम को समर्पित है इसलिए यह यात्रा भारत के 4 धाम 12 ज्योतिर्लिंग पैदल यात्रा है। इस धार्मिक यात्रा के माध्यम से पूरे भारत में नशा मुक्त समाज आंदोलन अभियान कौशल का के तहत नशा मुक्त एवं स्वच्छ भारत अभियान चलाया जायेगा। भिन्न-भिन्न स्थानों पर नुक्कड़ सभाओ के माध्यम से नशा मुक्त शपथ ग्रहण अभियान जारी रहेगा।


शनिवार को बालाजी मंदिर शिकोहाबाद से फिरोजाबाद से यात्रा आयोजक अमित गुप्ता रक्तवीर, विभाग प्रचारक शिकोहाबाद आरएसएस मदन लाल, राजेश दुवे आदर्श, शिकोहाबाद से डॉ. संजीव आहूजा, डॉ. रामकैलाश यादव, राजीव गुप्ता ग्रीन पार्क, योगेश सिंह एवं सूरज गुप्ता और मक्खनपुर थाना के वरिष्ठ उपनिरीक्षक रवेन्द्र सिंह यादव ने स्वागत किया। जैन मंदिर फिरोजाबाद में राकेश नवरंग, राजू अग्रवाल व भारतीय सांस्कृतिक विकास समिति के पदाधिकारियो ने स्वागत किया। कृष्णाय धावतु यात्रा भारत के 12 राज्यों एवं 99 जनपद से निकलेगी। इस यात्रा की दूरी 8112 किमी दूरी है। जिसे पर्वतारोही द्वारा 141 दिन में तय करने का लक्ष्य रखा है। इस अभियान में अनिल के साथ में सहयोगी आकाश चैहान शिकोहाबाद से, सुशील कुमार मधीपुर एका से और उनके मीडिया सहयोगी ऋषभ दीक्षित एका, विक्रांत सिंह आगरा से अंशुल चैहान एका से पूरे अभियान में उनके साथ रहेंगे।

पर्वतारोही प्रतिदिन 55-60 किमी दूरी व 2-3 नुक्कड़ सभाए करेंगे। इस यात्रा का शुभारम्भ नागेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर गुजरात से होगा और समापन 21 अगस्त को श्री कृष्ण जन्मभूमि मथुरा में होगा। इस यात्रा के मुख्य आयोजक कौशल किशोर माननीय केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य राज्यमंत्री भारत सरकार एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष नशा मुक्त समाज आंदोलन अभियान कौशल एवं (अमित गुप्ता रक्तवीर) जीवन रक्षा हेल्प फाउंडेशन व एसए ब्लड डोनेशन क्लब का यह अभियान भारत का सबसे बड़ा अभियान है। यह यात्रा भारत की सनातन संस्कृति को संजोने व भिन्न भिन्न राज्यों की भाषा शैली जोड़ने का कार्य करेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *